दिल्ली में भी गिल का नारा, नहीं चाहिए घूमती पिच का सहारा

Last Updated:October 08, 2025, 20:11 IST

भारत और वेस्टइंडीज के बीच अरूण जेटली स्टेडियम पर होने वाले दूसरे और आखिरी टेस्ट में पहले दो दिन पिच बल्लेबाजों की मददगार रहने की उम्मीद है और तीसरे दिन से इस पर टर्न मिल सकता है .

दूसरे टेस्ट के लिए बनाई गई पिच पर बल्लेबाजों का रहेगा बोलबाला

नयी दिल्ली. भारत और वेस्टइंडीज़ के बीच 10 अक्टूबर से शुरू हो रहे दूसरे टेस्ट से पहले सबकी निगाहें दिल्ली के अरुण जेटली स्टेडियम पर टिकी हैं. यह मैदान न सिर्फ इतिहास में गहराई से जड़ा हुआ है, बल्कि आंकड़ों के लिहाज से भी भारतीय क्रिकेट के कई सुनहरे पलों का गवाह रहा है.

भारत और वेस्टइंडीज के बीच अरूण जेटली स्टेडियम पर होने वाले दूसरे और आखिरी टेस्ट में पहले दो दिन पिच बल्लेबाजों की मददगार रहने की उम्मीद है और तीसरे दिन से इस पर टर्न मिल सकता है ।आम तौर पर कोटला की काली मिट्टी की पिच बल्लेबाजों की मददगार रहती है लेकिन बाद में धीरे धीरे स्पिनरों को मदद मिलने लगती है .

दिल्ली में बरसेंगे रन 

दूसरे टेस्ट के लिये ताजा पिच तैयार की गई है और शुरूआत में बल्लेबाजों का दबदबा रह सकता है. बीसीसीआई के एक सूत्र ने बताया ,‘‘ मुख्य पिच टेस्ट के लिये तैयार की गई है . यह उस पिच से अलग है जिस पर स्मृति मंधाना ने 50 गेंदों में शतक बनाया था. अधिकारी के अनुसार क्यूरेटरों ने जान बूझकर शुरूआती चरण के लिये उछालभरी पिच बनाई है. सूत्र ने कहा ,‘‘ वेस्टइंडीज अगर बेहतर बल्लेबाजी करता है तो मैच तीन दिन के भीतर खत्म नहीं होगा । पिच से तीसरे दिन के बाद ही टर्न मिलेगी. पिच स्थानीय क्यूरेटर अंकित दत्ता ने बनाई है जिसे बीसीसीआई के सीनियर क्यूरेटर तापस चटर्जी और अभिषेक भौमिक अंतिम रूप दे रहे हैं.

वेस्टइंडीज के आंकड़े बेहतर 

अरुण जेटली स्टेडियम में भारत और वेस्टइंडीज के बीच कुल 7 टेस्ट मैच खेले जा चुके हैं. जिसमें से भारत ने सिर्फ 1 मैच जीता है तो वेस्टइंडीज के नाम 2 मुकाबले रहे हैं, इस दौरान 4 मैच ड्रॉ पर समाप्त हुए. साल 1948 में इन्हीं दोनों टीमों के बीच इस स्टेडियम में पहला टेस्ट मैच खेला गया था जो ड्रॉ हुआ था. इसके बाद 1959 में दूसरा टेस्ट भी बेनतीजा रहा फिर 1974 में तीसरे टेस्ट में वेस्टइंडीज को जीत मिली. अगले 2 मैच भी ड्रॉ रहे, फिर 1987 में 6वीं बार दोनों टीमें भिड़ी. इस टेस्ट में वेस्टइंडीज ने भारत को 5 विकेट से मात दी. आखिरकार 2011 में भारत को दिल्ली में वेस्टइंडीज पर पहली जीत मिली, ये मैच टीम इंडिया ने 5 विकेट से अपने नाम किया था. भले ही दिल्ली के अरुण जेटली स्टेडियम में वेस्टइंडीज का पलड़ा भारी नजर आता है. लेकिन बीते 23 साल से उन्होंने टीम इंडिया को टेस्ट फॉर्मेट में मात नहीं दी है. विंडीज टीम को आखिरी बार साल 2002 में किंगस्टन के मैदान पर जीत मिली थी. ऐसे में अब टीम इंडिया के पास सुनहरा मौका है कि दिल्ली में भी अपने रिकॉर्ड में सुधार करें.

News18 न्यूजलेटर

अब ईमेल पर इनसाइड स्‍टोर‍ीज

खबरों के पीछे की खबर अब आपके इनबॉक्‍स में

Location :

New Delhi,Delhi

First Published :

October 08, 2025, 20:10 IST

Source

dainikupeditor@gmail.com

Writer & Blogger

All Posts
Previous Post
Next Post

ताज़ा खबरे

  • All Posts
  • उत्तर प्रदेश
  • खेल
  • मनोरंजन
  • योजनाये
  • राजनीति