Last Updated:August 26, 2026, 22:46 IST
Chitrakoot News: प्रभु श्रीराम की पावन तपोस्थली चित्रकूट में स्थित ऐतिहासिक ‘रामसैया’ स्थल अब एक भव्य और आधुनिक पर्यटन केंद्र के रूप में निखरने जा रहा है. वनवास काल के दौरान भगवान श्रीराम और माता सीता के रात्रि विश्राम से जुड़े इस पावन स्थल का जिला प्रशासन करीब ₹2 करोड़ की लागत से कायाकल्प करने की तैयारी कर चुका है.
Chitrakoot News: धर्मनगरी चित्रकूट को प्रभु श्रीराम की तपोस्थली के रूप में जाना जाता है. मान्यता है कि वनवास काल के दौरान भगवान श्रीराम ने यहां माता सीता और भाई लक्ष्मण के साथ कई स्थानों पर समय बिताया था. चित्रकूट में आज भी ऐसे कई धार्मिक स्थल मौजूद हैं, जहां प्रभु श्रीराम गए थे. इन्हीं प्रमुख स्थानों में एक ‘रामसैया’ स्थान भी है. मान्यता है कि यहां भगवान श्रीराम ने माता सीता के साथ रात्रि विश्राम किया था. अब इस ऐतिहासिक और धार्मिक स्थल की सूरत बदलने जा रही है.
₹2 करोड़ की लागत से तैयार हुई विकास योजना
आपको बता दें कि रामसैया में भगवान श्रीराम के विश्राम स्थल के दर्शन करने के लिए दूर-दूर से श्रद्धालु पहुंचते हैं. श्रद्धालुओं की बढ़ती संख्या और पर्यटन की संभावनाओं को देखते हुए अब जिला प्रशासन ने इस क्षेत्र के विकास की योजना तैयार की है. जिलाधिकारी पुलकित गर्ग की पहल पर करीब दो करोड़ रुपये की लागत से रामसैया परिसर और उसके आसपास के क्षेत्र को पर्यटन परियोजना के तहत विकसित किया जाएगा. विकास कार्य पूरे होने के बाद यहां आने वाले श्रद्धालुओं और पर्यटकों को बेहतर सुविधाएं मिल सकेंगी.
परिसर में विकसित होंगी आधुनिक पर्यटन सुविधाएं
जानकारी के लिए रामसैया परिसर के आसपास के क्षेत्र को अधिक सुव्यवस्थित, आकर्षक और पर्यटक सुविधाओं से युक्त बनाया जाएगा. यहां श्रद्धालुओं के बैठने, ठहरने और विश्राम करने के लिए आवश्यक व्यवस्थाएं विकसित की जाएंगी. परिसर में बहुउद्देशीय भवन, शौचालय ब्लॉक, यात्री शेड और आकर्षक स्वागत द्वार का निर्माण कराया जाएगा. इससे यहां आने वाले पर्यटकों को सुविधा मिलेगी और परिसर का स्वरूप भी बेहतर होगा.
आर्ट वर्क और स्टोन से होगा सौंदर्यीकरण
वहीं इस संबंध में जिलाधिकारी पुलकित गर्ग ने लोकल 18 को बताया कि पर्यटकों की सुविधा के लिए परिसर में बेंच, डस्टबिन और वाटर कूलर लगाए जाएंगे. इसके अलावा म्यूरल आर्ट वर्क और स्टोन के माध्यम से स्थल का सौंदर्यीकरण किया जाएगा. स्थल विकास के तहत स्टोन प्लांटर प्लेटफॉर्म, कोटा स्टोन फ्लोरिंग और एसएस रेलिंग का कार्य कराया जाएगा. इसके साथ ही परिसर में पेवर ब्लॉक और साइनेज लगाए जाएंगे. इसके अलावा जरूरत वाले स्थानों पर प्लास्टर और पेंटिंग से संबंधित मरम्मत कार्य भी कराया जाएगा. इससे परिसर साफ-सुथरा और आकर्षक नज़र आने लगेगा.
उचित प्रकाश व्यवस्था और सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम
उन्होंने आगे की जानकारी में बताया कि मंदिर परिसर से लेकर उसके आसपास विद्युतीकरण के तहत प्रकाश व्यवस्था को भी बेहतर किया जाएगा. इसके लिए वायरिंग सिस्टम, जीआई बॉक्स, मॉड्यूल प्लेट, पंखे, ल्यूमिनेयर्स और लैम्प्स की व्यवस्था की जाएगी, ताकि रात के समय भी परिसर में पर्याप्त रोशनी रहे, जिससे श्रद्धालुओं को आवागमन में सुविधा मिलेगी. इसके साथ ही मंदिर के पास चौकी बनाई जा रही है, ताकि आने वाले पर्यटकों को सुरक्षा मिल सके. जानकारी के लिए बता दें कि विकास कार्य पूरे होने के बाद रामसैया स्थान की सूरत बदल जाएगी.
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Rahul Goel is a senior journalist with over 15 years of experience in print and digital media. He currently serves as a Coordinator and Publisher at News18 Hindi, managing State and Local18 content operations a…
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Chitrakoot,Uttar Pradesh
First Published :
August 26, 2026, 22:46 IST











