Last Updated:August 25, 2026, 06:41 IST
Ram Mandir Daan Chori: राम मंदिर दान चोरी के विवाद में ट्रस्ट के पूर्व महासचिव चंपत राय के खिलाफ संत समाज ने मोर्चा खोल दिया है, जिसको लेकर अयोध्या में आज संतों की बड़ी बैठक होने वाली है. बैठक में कंप्यूटर बाबा भी शामिल होंगे. संत समाज ने मांग की है कि चंपत राय का पॉलीग्राफी टेस्ट होना चाहिए.
राम मंदिर ट्रस्ट के पूर्व महासचिव चंपत राय.
अयोध्याः राम मंदिर दान चोरी के मामले की जांच को लेकर संतों ने आज बड़ी बैठक बुलाई है. इस पूरे विवाद को लेकर संत समाज में हलचल तेज हो गई है. उन्होंने मांग की है कि राम मंदिर ट्रस्ट के पूर् महासचिव चंपत राय की नार्को और पॉलीग्राफ टेस्ट होना चाहिए और साथ ही इस पूरे मामले की जांच सीबीआई से कराई जाए. संत समाज की बैठक के लिए कंप्यूटर बाबा समेत कई साधु-संत अयोध्या में जुटेंगे. ट्रस्ट पदाधिकारियों पर भी कार्रवाई की मांग की जा रही है. संतों ने चंपत राय, डॉ. अनिल मिश्रा और गोपाल राव के खिलाफ कार्रवाई की डिमांड की है. संतों ने आरोप लगाया है कि एसआईटी ने इस पूरे मामले में छोटे आरोपियों पर कार्रवाई की है और बड़े लोगों को छोड़ा है. आज सुबह 10:30 बजे संत समाज की बैठक होने वाली है, जिसमें मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन सौंपा जाएगा. संत रामलला के दर्शन कर कथित विवाद को लेकर भगवान राम से क्षमा भी मांगेंगे.
संतों से मुलाकात कर रहे हैं चंपत राय-अनिल मिश्रा
उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा अयोध्या स्थित राम मंदिर में चढ़ावा चोरी के मामले की जांच के लिए गठित विशेष जांच दल (एसआईटी) की अंतिम रिपोर्ट प्राप्त होने और उसे श्री राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट के साथ साझा किए जाने की पुष्टि के बीच पूर्व महासचिव चंपत राय और पूर्व ट्रस्टी अनिल मिश्रा साधु-संतों के साथ लगातार मुलाकात कर रहे हैं. एक वरिष्ठ अधिकारी ने ‘पीटीआई-भाषा’ को बताया कि रिपोर्ट ट्रस्ट के साथ साझा की गई है लेकिन उसमें क्या लिखा है, इसकी जानकारी नहीं है.
अनिल मिश्रा भी अपनी छवि सुधारने के लिए लगातार कर रहे बैठक
सरकार द्वारा गठित एसआईटी की शुरुआती रिपोर्ट में राय और मिश्रा के नाम शामिल नहीं थे. हालांकि, उच्चतम न्यायालय के निर्देश पर गठित एसआईटी मामले की अलग से जांच कर रही है और उसे अपनी रिपोर्ट ‘सीलबंद लिफाफे’ में दाखिल करनी है. सूत्रों के मुताबिक, इस घटनाक्रम के बीच संतों के एक समूह ने खुले तौर पर चंपत राय का समर्थन करना शुरू कर दिया है. वहीं, पूर्व ट्रस्टी अनिल मिश्रा अयोध्या में अलग-अलग स्थानों पर छोटी-छोटी बैठकें कर अपने और राय पर लगे सभी आरोपों को ‘‘साजिश’’ बताकर खारिज कर रहे हैं.
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Prashant RaiChief Sub Editor
Prashant Rai is a digital journalist with over 9 years of experience in Hindi journalism, specializing in politics, crime, hyper-local reporting, and viral news. He currently serves as Chief Sub Editor at News1…
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Ayodhya,Faizabad,Uttar Pradesh
First Published :
August 25, 2026, 06:18 IST










