नई दिल्ली. शेफाली वर्मा ने क्रिकेट की दुनिया में इतिहास रच दिया है. हरियाणा के रोहतक से ताल्लुक रखने वाली दाएं हाथ की यह बैटर सबसे कम उम्र में महिला टी20 इंटरनेशनल मैचों में 3,000 रन पूरे करने वाली दुनिया की पहली खिलाड़ी बन गई हैं. मात्र 22 साल और 220 दिन की उम्र में उन्होंने यह अद्भुत कारनामा कर दिखाया है. दुबई में महिला एशिया कप 2026 के ग्रुप-ए में पाकिस्तान के खिलाफ खेले गए मुकाबले में भारतीय पारी की शुरुआती दो गेंदों पर ही सात रन बनाकर शेफाली ने इस ऐतिहासिक मील के पत्थर को छुआ और इतिहास के पन्नों में अपना नाम हमेशा के लिए दर्ज करा लिया.
शेफाली वर्मा (Shafali Verma) ने ना केवल उम्र के मामले में, बल्कि सबसे कम गेंदों का सामना करते हुए 3,000 रन बनाने का विश्व रिकॉर्ड भी अपने नाम किया है. शेफाली ने इस मुकाम तक पहुंचने के लिए महज 2,182 गेंदों का सामना किया. उन्होंने ऑस्ट्रेलिया की दिग्गज पूर्व खिलाड़ी एलिसा हीली का रिकॉर्ड तोड़ा, जिन्होंने 3,000 टी20 रन बनाने के लिए 2,321 गेंदे खेली थीं. हीली ने इस साल की शुरुआत में ही अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट से संन्यास की घोषणा की थी. शेफाली की इस आक्रामक बल्लेबाजी शैली ने उन्हें विश्व क्रिकेट में एक अलग पहचान दिलाई है.
शेफाली वर्मा ने टी20 क्रिकेट में सबसे तेज 3000 रन पूरे किए.
उम्र के मामले में छोड़ा सबको पीछे
सबसे कम उम्र में 3,000 टी20 अंतरराष्ट्रीय रन पूरे करने के मामले में शेफाली ने आयरलैंड की स्टार खिलाड़ी गैबी लुईस को पीछे छोड़ा. लुईस ने जब अपने 3,000 रन पूरे किए थे, तब उनकी उम्र 24 साल और 347 दिन थी. इस सूची में संयुक्त अरब अमीरात (UAE) की ईशा ओझा 27 साल और 139 दिन की उम्र के साथ तीसरे स्थान पर हैं, जबकि भारत की उप-कप्तान स्मृति मंधाना 27 साल 171 दिन की उम्र में चौथे स्थान पर आती हैं. वेस्टइंडीज की ऑलराउंडर हेले मैथ्यूज 27 साल और 347 दिन की उम्र में इस उपलब्धि तक पहुंचकर पांचवें स्थान पर मौजूद हैं.
भारतीय क्रिकेट की ‘3000 रन क्लब’ में एंट्री
वर्ष 2019 में भारत के लिए अपने महिला टी20 अंतरराष्ट्रीय करियर का आगाज करने वाली शेफाली वर्मा सबसे कम उम्र में भारत का प्रतिनिधित्व करने वाली खिलाड़ी भी रही हैं. वह अब भारत की ओर से टी20 अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में 3,000 रनों का आंकड़ा पार करने वाली महज तीसरी बल्लेबाज बन गई हैं. उनसे पहले केवल कप्तान हरमनप्रीत कौर और सलामी जोड़ीदार स्मृति मंधाना ही इस विशिष्ट क्लब में जगह बना पाई थीं.
वर्तमान में भारत के लिए टी20 अंतरराष्ट्रीय में सबसे ज्यादा रन बनाने का रिकॉर्ड स्मृति मंधाना के नाम दर्ज है. मंधाना ने 2013 से 2026 के बीच खेले 174 मैचों में 30.65 की औसत से कुल 4,690 रन बनाए हैं, जिसमें 2 शतक और 35 अर्धशतक शामिल हैं. उनका सर्वोच्च व्यक्तिगत स्कोर 124 रन रहा है. इस सूची में दूसरे स्थान पर कप्तान हरमनप्रीत कौर हैं, जिन्होंने 2009 से 2026 के लंबे सफर में 205 मुकाबले खेलकर 30.13 की औसत से 4,249 रन जुटाए हैं. हरमनप्रीत के नाम 1 शतक और 18 अर्धशतक दर्ज हैं. अब 114 मैचों की 113 पारियों में 3,005 रन बनाकर शेफाली वर्मा इस सूची में तीसरे स्थान पर मजबूती से काबिज हो गई हैं. उन्होंने यह रन 28.08 की औसत और 19 अर्धशतकों की मदद से बनाए हैं, जिसमें उनका सर्वश्रेष्ठ स्कोर 81 रन रहा है.
भारतीय महिला टी20 क्रिकेट के अन्य बड़े नाम
भारतीय महिला टीम की बल्लेबाजी लाइनअप में शेफाली के बाद जेमिमा रोड्रिग्स चौथे स्थान पर आती हैं, जिन्होंने 2018 से 2026 के बीच 131 मैच खेलकर 29.41 की औसत से 2,824 रन बनाए हैं और उनके नाम 16 अर्धशतक हैं. पूर्व भारतीय कप्तान मिताली राज 89 मैचों में 37.52 की शानदार औसत से 2,364 रन बनाकर पांचवें स्थान पर हैं. इसके अलावा, मध्यक्रम की आक्रामक बल्लेबाज रिचा घोष ने 91 मैचों में 1,344 रन बनाए हैं, वहीं ऑलराउंडर दीप्ति शर्मा ने 152 मैचों में 1,288 रन का योगदान दिया है.










