दिल्ली-एनसीआर के विकास को नई दिशा देने के लिए तैयार किया जा रहा न्यू नोएडा (DNGIR – Dadri Noida Ghaziabad Investment Region) आने वाले समय में क्षेत्र का सबसे बड़ा आवासीय और औद्योगिक केंद्र बनने की ओर बढ़ रहा है. दिल्ली-एनसीआर मास्टर प्लान 2041 के तहत विकसित हो रहे इस हाईटेक शहर को कई प्रमुख एक्सप्रेसवे, जेवर एयरपोर्ट और भविष्य की हाई-स्पीड रेल परियोजनाओं से जोड़ा जाएगा. इससे निवेश, उद्योग और रोजगार के नए अवसर पैदा होने की उम्मीद है.
गंगा एक्सप्रेसवे से जुड़ेगा न्यू नोएडा
नोएडा प्राधिकरण न्यू नोएडा को 594 किलोमीटर लंबे गंगा एक्सप्रेसवे से जोड़ने की तैयारी कर रहा है. इसके लिए बुलंदशहर की ओर करीब 20 किलोमीटर लंबा लिंक रोड बनाया जाएगा. इस सड़क की डीपीआर (विस्तृत परियोजना रिपोर्ट) जल्द तैयार की जाएगी.
80 गांव होंगे न्यू नोएडा का हिस्सा
न्यू नोएडा का दायरा करीब 210 वर्ग किलोमीटर में फैला होगा. इस क्षेत्र में गौतम बुद्ध नगर और बुलंदशहर के लगभग 80 गांव शामिल किए जाएंगे. पहले चरण में 37 गांवों की जमीन का अधिग्रहण किया जाएगा. यह परियोजना दिल्ली-एनसीआर मास्टर प्लान 2041 की प्रमुख विकास योजनाओं में शामिल है.
ईस्टर्न पेरिफेरल एक्सप्रेसवे से बेहतर होगी आवाजाही
न्यू नोएडा की कनेक्टिविटी ईस्टर्न पेरिफेरल एक्सप्रेसवे (EPE) से भी मजबूत होगी. दादरी के बील अकबरपुर गांव स्थित इंटरचेंज के जरिए यहां से सीधा संपर्क मिलेगा. इससे बिना दिल्ली में प्रवेश किए गाजियाबाद, सोनीपत, बागपत, पलवल और गुरुग्राम तक आसानी से पहुंचा जा सकेगा.
साथ ही न्यू नोएडा से निकलने वाला ट्रैफिक ईस्टर्न पेरिफेरल एक्सप्रेसवे के जरिए सीधे यमुना एक्सप्रेसवे और वहां से जेवर अंतरराष्ट्रीय एयरपोर्ट तक पहुंच सकेगा.
यमुना एक्सप्रेसवे और जेवर एयरपोर्ट से होगा सीधा जुड़ाव
न्यू नोएडा का दक्षिणी हिस्सा यमुना एक्सप्रेसवे से जुड़ा रहेगा. यह एक्सप्रेसवे न्यू नोएडा को सीधे नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट (जेवर) के साथ-साथ अलीगढ़, मथुरा और आगरा जैसे प्रमुख औद्योगिक और व्यावसायिक शहरों से जोड़ेगा. भविष्य में न्यू नोएडा को नमो भारत ट्रेन और बुलेट ट्रेन से जोड़ने की भी योजना है, जिससे यात्रा और तेज हो जाएगी.










