Last Updated:August 27, 2026, 09:00 IST
Kainchi Dham Neem Karori Baba Property Dispute : उत्तराखंड के प्रसिद्ध कैंची धाम के नीम करौली बाबा के पैतृक घर को लेकर विवाद सामने आया है. बाबा की 6 पोतियों ने डीएम से शिकायत की है. उन्होंने हनुमान ट्रस्ट पर बाबा के पुश्तैनी मकान पर दखल देने का आरोप लगाया है.
नीम करौली बाबा का पैतृक घर किसका?
फिरोजाबाद : कैंची धाम वाले नीम करौली बाबा के पैतृक मकान को लेकर विवाद खड़ा हो गया है. उनकी छह नातिनों ने जिलाधिकारी संतोष शर्मा से शिकायत की है. मकान नंबर 154 ‘व’ पर हनुमान ट्रस्ट के कब्जे का आरोप लगाया है. यह बाबा नीम करौली का पैतृक घर है, इसी मकान में बाबा रहते थे.
कौन हैं बाबा नीम करौली?
बाबा नीम करौली का असली नाम लक्ष्मीनारायण शर्मा है. साल 1900 के आसपास यूपी के फिरोजाबाद में उनका जन्म हुआ था. 1958 में उन्होंने घर छोड़ दिया. 1961 में नैनीताल के पास कैंची धाम में पहली बार आए. सन् 1963 में वृंदावन में उन्होंने देह त्याग दिया था. अब जिस घर पर विवाद है वो उत्तर प्रदेश के फिरोजाबाद जिले की टूंडला तहसील में स्थित अकबरपुर गांव में है, जो प्रसिद्ध संत नीम करोली बाबा की जन्मस्थली है. इसी मकान में बाबा रहते थे. यहां 2 कमरों में बाबा और उनकी पत्नी की पूजा स्थली बनी है. इसके अलावा, बाकी कमरों में पुजारी रहते हैं.
इन 6 लोगों ने लगाया आरोप
नीम करौली बाबा के दो पुत्र थे. बड़े पुत्र अनके सिंह शर्मा और छोटे पुत्र धर्म नारायण शर्मा थे. अनके सिंह शर्मा के एक बेटा और एक बेटी हैं. वहीं धर्म नारायण शर्मा की छह बेटियां हैं. बताया गया है कि नीम करौली बाबा का पैतृक मकान फिरोजाबाद जिले की टूंडला तहसील क्षेत्र के अकबरपुर गांव में स्थित है. परिजनों ने आरोप लगाया है कि मकान से जुड़े पूजा स्थल पर भी हनुमान ट्रस्ट दखल दे रहा है. शिकायत में कहा गया है कि पैतृक मकान को ट्रस्ट के नाम दान नहीं किया गया था. इसके बावजूद वहां ट्रस्ट का लगातार हस्तक्षेप किया जा रहा है.
नीम करौली बाबा की पोतियों ने आरोप लगाया है कि बाबा के पैतृक मकान पर श्री ठाकुर हनुमान जी ट्रस्ट ने जबरन कब्जा कर रखा है. अगर प्रशासन मकान से जल्द ही ट्रस्ट का कब्जा खत्म नहीं कराता, तो अदालत का दरवाजा खटखटाएंगी. वहीं, ट्रस्ट का दावा है कि ये सभी जगह उन्हें पहले ही मिल चुकी थीं. फिलहाल DM ने जांच के आदेश दिए हैं.
क्या बोला हनुमान ट्रस्ट?
इस मामले में श्री ठाकुर हनुमान जी ट्रस्ट के कोषाध्यक्ष मनोज अग्रवाल ने बाबा की संपत्ति पर कब्जा करने के आरोपों से इनकार किया है. उनके मुताबिक, बाबा के मकान, मंदिर और डाक बंगलिया ट्रस्ट को दान में दिया गया था. अगर यह संपत्ति ट्रस्ट को नहीं दी गई होती, तो इतने बरसों से ट्रस्ट इसकी देखरेख क्यों करता.
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काव्या मिश्राSenior Sub Editor
Kavya Mishra is a Senior Sub Editor at News18 Hindi with over seven years of experience in digital and print journalism. She is part of the regional editorial team, covering Uttar Pradesh, Uttarakhand, Haryana …
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Firozabad,Uttar Pradesh
First Published :
August 27, 2026, 09:00 IST










