OP Rajbhar Statement: उत्तर प्रदेश में विधानसभा चुनाव 2027 से पहले ‘सुहेलदेव भारतीय समाज पार्टी’ (सुभासपा) के अध्यक्ष ओम प्रकाश राजभर के समाजवादी पार्टी प्रमुख अखिलेश यादव पर हमले थमने का नाम नहीं ले रहे हैं। राजभर ने अब शिवपाल यादव के बयान को लेकर उन्हें घेरा है। उन्होंने कहा कि अखिलेश जी हो सके तो अपने चचा को भजन सिखा दीजिए। उम्र हो गई है, गाली-गलौच ठीक बात नहीं है।
हाल ही में शिवपाल यादव ने ओपी राजभर के बयानों पर प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा कि अब उनके लिए हम क्या कहें। जब वह (राजभर) समाजवादी पार्टी की तरफ थे तो वह बीजेपी के मुख्यमंत्री से लेकर प्रधानमंत्री को क्या-क्या बोल रहे थे। हम बहुत कुछ नहीं कह रहे हैं। उनके मुंह में डॉट, डॉट, डॉट है।
उनके इसी बयान पर अब ओपी राजभर ने पलटवार किया और अखिलेश यादव पर निशाना साधा। उन्होंने X पर एक लंबा पोस्ट शेयर करते हुए लिखा, “अखिलेश यादव जी आपके चचा श्री ‘शिशुपाल’ सॉरी शिवपाल यादव जी, आपके ही शब्द बोल रहे हैं। ये इसलिए कह रहा हूं क्योंकि श्री शिवपाल जी को अंदाजा भी नहीं है कि कब आपने उन्हें ‘यादवनीति’ की गलत घुट्टी पिला दी। बेचारे हैं वो, वयोवृद्ध हो चुके हैं न!”
राजभर ने आगे लिखा कि खैर, आपकी ‘YP’ यानी ‘यादववादी पार्टी’ के कार्यकर्ता हम बहुजन मतलब पाल, प्रजापति, बिंद, केवट, मल्लाह, राजभर, निषाद, मांझी, दर्जी, तेली, लोनिया, फकीर और बंजारा के ‘मुंह में पीढ़ियों से डॉट, डॉट, डॉट’ ही तो करते आए हैं। गांवों में आज भी हम लोगों की मां, बहन, बेटी, बहू और भाई के साथ ‘PDA’ यानी ‘पीट देगा अहीर’ और हमारे मुंह में आपके स्वजातीय द्वारा आपके ‘चचा का डॉट, डॉट, डॉट’ ही तो होता आ रहा है।
‘गाली और लाठी खा लेंगे, लेकिन अपना हिसाब…’
सुभासपा अध्यक्ष ने आगे कहा कि अखिलेश जी जितना मन हो हम बहुजनों को गाली दिलवा लीजिए, हमको पिटवा लीजिए…पर हम हार नहीं मानेंगे। आज भी अवध और पूर्वांचल में आपके स्वजातीय हमें यही तो बोलते हैं कि ये तो भर है, गड़ेरिया है, कोइरी है, लोनिया है…मार सारेन का। हम गाली और लाठी खा लेंगे, लेकिन अपना हिसाब जरूर करेंगे।
उन्होंने कहा कि एक बात लिखकर रख लीजिए अखिलेश जी! चाहे मेरठ में दलित पिछड़ों के अपमान की बात हो या पूर्व मंत्री प्रभु दयाल वाल्मीकि जी और अति पिछड़ी जाति से आने वाले आपके पार्टी के जिलाध्यक्ष के हक की बात हो, दलित पिछड़ों के लिए हमेशा आवाज उठाऊंगा, इसके लिए ओम प्रकाश राजभर को अगर गालियां मिलती हैं तो राजभर गाली खाएगा, लेकिन आवाज उठाना बंद नहीं करेगा।
राजभर ने सपा प्रमुख को नसीहत देते हुए कहा कि हो सके तो अपने चचा को भजन सिखा दीजिए। उम्र हो गई है, गाली-गलौच ठीक बात नहीं है।










