Last Updated:July 01, 2026, 13:43 IST
Rakesh Chauhan : वेनेजुएला से भारत वापस लाए गए एक भारतीय नाविक के शव को देखकर परिजनों के पैरों तले जमीन खिसक गई. पीड़ित परिवार का आरोप है कि मृतक के शरीर से कई अंग गायब हैं. उच्च स्तरीय और निष्पक्ष जांच की मांग की है.
राकेश चौहान और उनका परिवार.
देवरिया : उत्तर प्रदेश के देवरिया जिले से एक बड़ी हैरान करने वाली खबर सामने आ रही है. यहां मर्चेंट नेवी में काम करने वाले 33 साल के राकेश चौहान की वेनेजुएला में संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई थी. मौत के करीब एक महीने बाद 4 जून को जब कड़ी मशक्कत के बाद राकेश का शव उनके पैतृक गांव पहुंचा. जब शव को परिजनों ने देखा तो उनके पैरों तले जमीन खिसक गई. उन्होंने आरोप लगाया कि कंपनी ने राकेश की हत्या की और उसके बाद उसके शरीर के महत्वपूर्ण अंगों की तस्करी कर ली. अब जब राकेश की पोस्टमार्टम रिपोर्ट सामने आई तो सारा सच सामने आ गया. राकेश के शरीर के 21 अंग गायब मिले.
पीड़ित परिवार का आरोप है कि मृतक के शरीर से कई अंग गायब हैं. ‘फेडरेशन ऑफ सीफेरर्स यूनियंस ऑफ इंडिया’ (FSUI) ने इस पूरे मामले की उच्च स्तरीय और निष्पक्ष जांच की मांग की है. देवरिया जिले के लगड़ा बाजार टोला (भगवानपुर) के रहने वाले राकेश चौहान नवंबर 2025 में मर्चेंट नेवी के जरिए वेनेजुएला में शिप पर नौकरी करने गए थे. राकेश अपने घर के इकलौते कमाने वाले सदस्य थे. उनकी शादी साल 2023 में हुई थी और उनका महज 6 महीने का एक छोटा बच्चा भी है.
सबकुछ हंसी खुशी चल रहा था. मगर, एक दिन परिवार के पास मुंबई से एक फोन आया और सब बिखर गया. शिपिंग कंपनी ने बताया कि राकेश जहाज पर गिर गए हैं और उनका इलाज चल रहा है. अगले ही दिन सुबह कहा गया कि गिरने की वजह से काफी चोट आई है. बचने की उम्मीद न के बराबर है. शाम होते-होते मौत की खबर दे दी गई. बाद में एक महीना बाद 4 जून की शाम को राकेश का शव देवरिया पूछा. स्थानीय डॉक्टरों की टीम ने पुलिस की मौजूदगी में शव को देखकर पोस्टमार्टम करने से साफ मना कर दिया. डॉक्टरों का कहना था कि बॉडी का पोस्टमार्टम पहले ही हो चुका है और वे बिना प्रशासनिक आदेश के दोबारा हाथ नहीं लगाएंगे.
इसके बाद, जब जिला मजिस्ट्रेट (DM) के विशेष आदेश पर राकेश के शव का दोबारा पोस्टमार्टम किया गया, तो डॉक्टरों की रिपोर्ट ने सबको चौंका दिया. रिपोर्ट में सामने आया कि राकेश के शरीर के अंदर के सारे महत्वपूर्ण अंग गायब थे. पीड़ित परिवार ने शिपिंग कंपनी पर मानव अंग तस्करी का गंभीर आरोप लगाया है. उनका कहना है कि पहले हत्या की गई और फिर अंग निकाल लिए गए.
FSUI ने एक्स पर लिखा, भारत में की गई ऑफिशियल पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट से एक डरावनी सच्चाई सामने आई. शरीर में एक भी ऑर्गन नहीं मिला. ब्रेन, हार्ट, दोनों फेफड़े, लिवर, किडनी, स्प्लीन, पैंक्रियास, पेट, इंटेस्टाइन, थायरॉइड, हायोइड, लैरिंक्स और ट्रैकिया सब गायब थे. शरीर पर पहले से बहुत ज़्यादा टांके लगे थे (गर्दन से प्यूबिक सिम्फिसिस तक 22 टांके + कान से कान तक 21 टांके). मौत से पहले कोई चोट नहीं मिली. शरीर को लगभग एक महीने तक डीप फ्रीज़ में रखा गया. यह मंजूर नहीं है. नाविक बलि का बकरा बन रहे हैं. पीड़ित परिवार वालों ने जिला प्रशासन भारतीय दूतावास,प्रदेश सरकार और दिल्ली प्रशासन से न्याय की गुहार लगाई है.
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Kavya Mishra is working with News18 Hindi as a Senior Sub Editor in the regional section (Uttar Pradesh, Uttarakhand, Haryana and Himachal Pradesh). Active in Journalism for more than 7 years. She started her j…
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Deoria,Uttar Pradesh










