नई दिल्ली. भारतीय घरेलू क्रिकेट के सबसे प्रतिष्ठित टूर्नामेंट्स में से एक दलीप ट्रॉफी 2026 का फाइनल मुकाबला बेहद रोमांचक होने जा रहा है. 6 से 10 सितंबर के बीच चेन्नई के ऐतिहासिक एमए चिदंबरम स्टेडियम में खेले जाने वाले इस खिताबी मुकाबले के लिए मंच पूरी तरह तैयार है. इस निर्णायक मैच में फैंस को कई स्टार भारतीय खिलाड़ियों का दम देखने को मिलेगा, क्योंकि नेशनल टीम के उप-कप्तान केएल राहुल, नंबर 3 के दमदार बल्लेबाज देवदत्त पडिक्कल और स्टार तेज गेंदबाज मोहम्मद सिराज साउथ जोन की तरफ से मैदान में उतरने के लिए पूरी तरह तैयार हैं.
न्यूज एजेंसी पीटीआई की रिपोर्ट के मुताबिक, श्रीलंका के खिलाफ हाल ही में समाप्त हुई दो टेस्ट मैचों की सीरीज का हिस्सा रहे इन तीनों स्टार खिलाड़ियों को दलीप ट्रॉफी (Duleep Trophy Final) के फाइनल में खेलने के निर्देश दिए गए हैं. चूंकि सितंबर के महीने में भारतीय टीम का कोई भी अंतरराष्ट्रीय मैच निर्धारित नहीं है, इसलिए चयनकर्ताओं ने इन अनुभवी खिलाड़ियों को मैच प्रैक्टिस में बनाए रखने और घरेलू क्रिकेट के स्तर को और ऊंचा उठाने के उद्देश्य से इस मुकाबले में उतरने का फैसला लिया है.
दलीप ट्रॉफी का फाइनल 6 सितंबर से चेन्नई में खेला जाएगा.
साउथ जोन के लिए साथ खेलेंगे तीनों दिग्गज
डोमेस्टिक क्रिकेट के समीकरणों पर नजर डालें तो केएल राहुल और देवदत्त पडिक्कल घरेलू मैचों में कर्नाटक का प्रतिनिधित्व करते हैं, जबकि तेज गेंदबाज मोहम्मद सिराज हैदराबाद की टीम से खेलते हैं. ईस्ट जोन के खिलाफ होने वाले इस महामुकाबले में ये तीनों दिग्गज साउथ जोन की जर्सी में एक साथ एक्शन में दिखाई देंगे.
सेमीफाइनल में टीमों का शानदार प्रदर्शन
साउथ जोन की कप्तानी भारत के टी20 अंतरराष्ट्रीय उप-कप्तान तिलक वर्मा संभाल रहे हैं. तिलक वर्मा के शानदार नेतृत्व में साउथ जोन ने सेमीफाइनल मुकाबले में दमदार प्रदर्शन किया था. 2 सितंबर को बेंगलुरु स्थित बीसीसीआई के ‘सेंटर ऑफ एक्सीलेंस’ में खेले गए दूसरे सेमीफाइनल मैच में साउथ जोन ने नॉर्थ जोन को 7 विकेट से शिकस्त देकर फाइनल का टिकट कटाया था. दूसरी ओर, ईशान किशन की कप्तानी वाली ईस्ट जोन की टीम भी पूरे फॉर्म में है. ईस्ट जोन ने बेहद कड़े मुकाबले में डिफेंडिंग चैंपियन सेंट्रल जोन को 4 विकेट से हराकर फाइनल में अपनी जगह पक्की की है.
ईस्ट जोन का मजबूत स्क्वॉड
ईस्ट जोन की टीम में भी युवा और अनुभवी खिलाड़ियों का बेहतरीन संतुलन है. इस टीम में महज 15 साल के उभरते हुए खिलाड़ी वैभव सूर्यवंशी, भारत ‘ए’ के पूर्व कप्तान अभिमन्यु ईश्वरन, अनुभवी तेज गेंदबाज मोहम्मद शमी, मुकेश कुमार और बंगाल के ऑलराउंडर शाहबाज अहमद शामिल हैं. टी20 अंतरराष्ट्रीय रैंकिंग में दुनिया के नंबर 1 बल्लेबाज बन चुके ईशान किशन की अगुवाई में ईस्ट जोन की टीम साउथ जोन के स्टार-स्टडेड लाइनअप को कड़ी चुनौती देने के इरादे से मैदान में उतरेगी.
बैटिंग ऑर्डर में बदलाव की संभावना
फाइनल मैच के लिए साउथ जोन के बैटिंग ऑर्डर में बड़े बदलाव देखने को मिलेंगे. नॉर्थ जोन के खिलाफ खेले गए सेमीफाइनल मैच में साउथ जोन के लिए रिक्की भुई और नारायण जगदीशन ने पारी का आगाज किया था, जबकि तीसरे नंबर पर शेख रशीद बल्लेबाजी के लिए उतरे थे. हालांकि, राहुल और पडिक्कल की वापसी से टॉप ऑर्डर पूरी तरह बदल जाएगा. फाइनल में केएल राहुल का ओपनिंग करना लगभग तय माना जा रहा है, वहीं देवदत्त पडिक्कल अपने पसंदीदा नंबर 3 स्थान पर बल्लेबाजी करते हुए नजर आएंगे.
पडिक्कल के पास खुद को साबित करने का मौका
देवदत्त पडिक्कल के लिए यह मुकाबला अपने फॉर्म को साबित करने का बेहतरीन मौका होगा. श्रीलंका के खिलाफ टेस्ट सीरीज में नंबर 3 पर बल्लेबाजी करते हुए पडिक्कल ने दो शानदार शतक जड़े थे. न्यूजीलैंड के खिलाफ होने वाली आगामी विदेशी टेस्ट सीरीज के लिए भारतीय टीम में अपनी दावेदारी को और मजबूत करने के इरादे से पडिक्कल इस फाइनल मुकाबले में एक और बड़ी पारी खेलने के भूखे होंगे.
मोहम्मद सिराज संभालेंगे पेस अटैक
वहीं गेंदबाजी विभाग में भारत के अग्रणी तेज गेंदबाज मोहम्मद सिराज साउथ जोन के पेस अटैक की अगुवाई करेंगे. सिराज को प्लेइंग इलेवन में बाएं हाथ के स्पिनर तन्मय त्यागराजन की जगह शामिल किए जाने की संभावना है. तन्मय ने सेमीफाइनल की पहली पारी में दो विकेट लिए थे, लेकिन दूसरी पारी में वे खाली हाथ रहे थे. सिराज की मौजूदगी से साउथ जोन की गेंदबाजी को न सिर्फ धार मिलेगी बल्कि चेन्नई की पिच पर ईस्ट जोन के बल्लेबाजों के लिए भी मुश्किलें खड़ी होंगी.
राहुल और पडिक्कल का रणजी फाइनल के बाद पहला घरेलू मैच
यह दिलचस्प है कि केएल राहुल और देवदत्त पडिक्कल ने अपना आखिरी घरेलू मैच फरवरी 2026 में खेला था. तब दोनों खिलाड़ियों ने रणजी ट्रॉफी के फाइनल में कर्नाटक का प्रतिनिधित्व किया था. जम्मू-कश्मीर के खिलाफ खेले गए उस ऐतिहासिक फाइनल मैच में हालांकि इन दोनों बड़े सितारों की मौजूदगी के बावजूद कर्नाटक की टीम खिताबी जीत दर्ज करने से चूक गई थी और जम्मू-कश्मीर ने बाजी मार ली थी. ऐसे में राहुल और पडिक्कल इस बार दुलीप ट्रॉफी का खिताब जीतकर अपनी उस पुरानी कसक को भी दूर करना चाहेंगे. कुल मिलाकर, दोनों टीमों में मौजूद अंतरराष्ट्रीय सितारों के चलते यह फाइनल एक बेहद रोमांचक जंग साबित होने वाला है.










