Last Updated:October 20, 2026, 15:31 IST
Ghazipur News: गाजीपुर के बाजार में मिलने वाली हींग कचौड़ी लोगों को खूब पसंद आ रही है. इसे बनाने वाले कारीगर संदीप ने वाराणसी में गुरु से इसे बनाने की कला सीखी. यहां 60 रुपये में चार कचौड़ियां मिलती हैं. आइए यहां के कचौड़ी की खासियत के बारे में जानते हैं.
गाजीपुर: शहर के बाजार में मिलने वाली हींग की कचौड़ी का स्वाद उसके मसालों और खुशबू में छिपा है. बाहर से खस्ता और अंदर से मसालेदार इस कचौड़ी को तैयार करने में हींग के साथ अदरक, मिर्च और दूसरे मसालों का इस्तेमाल किया जाता है. कारीगर संदीप बताते हैं कि उन्होंने वाराणसी में बेनिया मस्जिद के पास कचौड़ी बनाने वाले राजेश गुप्ता से यह कारीगरी सीखी. इसके बाद वह गाजीपुर में महाजन टोली में आकर हींग की कचौड़ी बनाने लगे.
कारीगरों के मुताबिक, यहां एक दिन में करीब पांच से दस किलो आटे की कचौड़ियां तैयार की जाती हैं. सुबह लगभग सात से साढ़े सात बजे के बीच और फिर दोपहर एक से शाम पांच बजे तक कचौड़ी बनाने का काम होता है. कारीगर दीपक बताते हैं कि उनकी कचौड़ी में हींग के साथ गरम मसाला, अदरक, मिर्च और नमक का इस्तेमाल किया जाता है.
हींग की कचौड़ी में क्या-क्या पड़ता है?
अलग-अलग जगहों पर हींग की कचौड़ी की रेसिपी अलग हो सकती है. प्रचलित विधियों में मैदा या गेहूं के आटे से बाहरी परत तैयार की जाती है. भरावन में उड़द की दाल या दूसरी दाल, हींग, अदरक, मिर्च, सौंफ, जीरा, धनिया और गरम मसाले का इस्तेमाल किया जा सकता है. कुछ विधियों में बेसन भी डाला जाता है. इस हींग वाली कचौड़ी की एक खास बात यह भी बताई जा रही है कि इसे बनाने में लहसुन और प्याज का इस्तेमाल नहीं किया जाता. हींग और दूसरे मसालों के जरिए इसमें स्वाद और खुशबू लाई जाती है.
लोगो को कैसा लग रहा स्वाद ?
अवनीश बताते हैं कि कचौड़ी का स्वाद अच्छा है. इसमें हींग की खुशबू अलग से महसूस होती है. लहसुन-प्याज के बिना भी मसालों का स्वाद अच्छा लग रहा है. दीपक बताते हैं कि जो लोग सात्विक खाना पसंद करते हैं, उनके लिए यह एक अच्छा विकल्प हो सकता है.
कारीगरों के अनुसार, यहां 60 रुपये में चार कचौड़ियां मिलती हैं. ऐसे में इस स्थानीय स्वाद की कहानी सिर्फ कीमत या दुकान तक सीमित नहीं है, बल्कि काशी से सीखी गई कारीगरी और गाजीपुर में तैयार हो रहे इस खास नाश्ते की रेसिपी को समझने का मौका भी देती है.
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आर्यन सेठ, News18 Hindi में डिजिटल डेस्क पर जुड़े हैं और जनवरी 2026 से उत्तर प्रदेश की राजनीति, अपराध, प्रशासन, वायरल और अन्य महत्वपूर्ण विषयों पर खबरें लिखते हैं. जामिया मिलिया इस्लामिया दिल्ली से साल 2024 में…
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Ghazipur,Uttar Pradesh
First Published :
October 20, 2026, 15:31 IST










