लोकसभा में महिला आरक्षण बिल पर चर्चा जारी है। बिल पर चर्चा के लिए सदन की कार्यवाही को रात 11 बजे तक के लिए बढ़ा दिया गया है। सत्ता पक्ष और विपक्ष दोनों के सांसद बिल पर अपनी-अपनी राय रख रहे हैं। सदन में बिल पर कांग्रेस सांसद प्रियंका गांधी के सवालों का केंद्रीय मंत्री अमित शाह ने जवाब दिया। शाह ने कहा कि बिल को लेकर गलत नैरेटिव खड़ा किया जा रहा है कि आने वाले समय में दक्षिण की क्षमता कम हो जाएगी जो कि गलत है।देश के लोकतंत्र को कोई खत्म नहीं कर सकता।
केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने महिला आरक्षण और परिसीमन पर लोकसभा में बोलते हुए कहा, “एक सबसे बड़ा नैरेटिव खड़ा किया जा रहा है, भ्रांति फैलाई जा रही है कि यह जो तीन विधेयक हैंः संविधान संशोधन विधेयक और परिसीमन और संघ क्षेत्र के चुनाव के कानून में बदलाव का कानून, यह आने से लोकसभा में दक्षिण की क्षमता कम हो जाएगी और हमारे दक्षिण के राज्यों को बहुत बड़ा नुकसान होगा। कर्नाटक राज्य में 28 सीटें हैं। यह संविधान संशोधन होने के बाद कर्नाटक की संख्या 28 से 42 हो जाएगी, जरा भी नुकसान कर्नाटक को नहीं होगा।”
लोकतंत्र को कोई खत्म नहीं कर सकता-शाह
कांग्रेस पर बरसते हुए अमित शाह ने लोकसभा में कहा, “जहां तक लोकतंत्र को खत्म करने की बात है, मैं भाजपा कार्यकर्ता के नाते, इस सदन में एक सांसद के नाते कहता हूं कि किसी की भी इस देश से लोकतंत्र को खत्म करने की ताकत नहीं है। जिन्होंने आपातकाल के वक्त प्रयास किए हैं, जनता ने उन्हें खत्म कर दिया, लोकतंत्र को कुछ नहीं हुआ। लोकतंत्र इस तरह खत्म नहीं होता।”
परिसीमन कोे लेकर भ्रांत ना फैलाय विपक्ष-शाह
केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने महिला आरक्षण और परिसीमन पर लोकसभा में बोलते हुए कहा, “एक वाकया आया कि तमिलनाडु, बंगाल में चुनाव हो रहे हैं और यह नया एक्ट आ गया। मैं स्पष्टता से कह देता हूं कि यह डीलिमिटेशन कमीशन की रिपोर्ट तब ही लागू होगी जब संसद इसे स्वीकार करेगी और राष्ट्रपति इसपर मंजूरी की मुहर लगाएंगी। यह 2029 से पहले होने का सवाल नहीं है और 2029 तक भी जो चुनाव होंगे वह सारे पुराने सीटों पर होंगे, पुरानी व्यवस्था में होंगे तो अखिलेश यादव को भी डरने की जरूरत नहीं है।”
डीलिमिटेशन कमीशन में कोई बदलाव नहीं
महिला आरक्षण और परिसीमन पर लोकसभा में प्रियंका गांधी के सवाल पर बोलते हुए शाह ने कहा, “डीलिमिटेशन कमीशन का जिक्र था कि आप डीलिमिटेशन कमीशन में अपने लोगों को बैठा देंगे और वे ये-वो करेंगे। मैं प्रियंका गांधी को बताना चाहता हूं कि हमने डीलिमिटेशन कमीशन में कोई बदलाव नहीं किया है। हमने आपके डीलिमिटेशन कमीशन एक्ट को दोहराया है। अगर आपने इसमें हेरफेर किया होगा, तो मैं कह सकता हूं कि हम ऐसा नहीं करेंगे।”










