चुनाव से पहले ही BJP को याद क्यों आते राजा भैया, 2024 के बाद 2026 में हुई मुलाकात

Last Updated:October 20, 2026, 05:54 IST

जनसत्ता दल (लोकतांत्रिक) के प्रमुख और कुंडा विधायक रघुराज प्रताप सिंह उर्फ़ राजा भैया का प्रतापगढ़ के साथ आस-पास के कई जिलों में भी एक बड़ा राजनैतिक प्रभाव रहता है. जिसे देखते हुए BJP प्रदेश अध्यक्ष के साथ उनकी इस मुलाकात को काफ़ी अहम माना जा रहा है.

बीजेपी के प्रदेश अध्यक्ष पंकज चौधरी ने राजा भैया से की मुलाकात.

लखनऊः उत्तर प्रदेश की सियासत में मुलाकातों का दौर तेज हो गया है. BJP के प्रदेश अध्यक्ष एवं केंद्रीय मंत्री पंकज चौधरी ने जनसत्ता दल (लोकतांत्रिक) के प्रमुख और कुंडा विधायक रघुराज प्रताप सिंह उर्फ राजा भैया से मुलाकात की. लखनऊ स्थित राजा भैया के आधिकारिक आवास ‘रामायण’ पर हुई इस मुलाकात के बाद प्रदेश के सियासी गलियारों में चर्चाएं तेज हो गई हैं. राजा भैया के आवास पर हुई इस मुलाक़ात के दौरान BJP प्रदेश अध्यक्ष पंकज चौधरी के साथ BJP मुख्यालय प्रभारी एवं MLC गोविन्द नारायण शुक्ला भी मौजूद रहे. ऐसे में इन दोनों नेताओं के बीच करीब 40 मिनट तक बातचीत हुई. इस मुलाकात को फिलहाल शिष्टाचार भेंट बताया जा रहा है, लेकिन इसका समय कई राजनीतिक मायनों में अहम माना जा रहा है.

MLC चुनाव से पहले मुलाकात के सियासी मायने
उत्तर प्रदेश में 23 अक्टूबर को होने वाले MLC चुनाव से ठीक पहले हुई इस मुलाकात ने राजनीतिक अटकलों को हवा दे दी है. सियासी जानकारों के बीच इस बात को लेकर चर्चा शुरू हो गई है कि क्या यह मुलाकात केवल औपचारिक थी? या फिर बीते कई चुनावों की तर्ज पर आगामी MLC चुनाव में भी राजा भैया से BJP के लिए सहयोग और समर्थन मांगा गया है. या फिर 2027 के विधानसभा चुनाव को लेकर ही किसी खास रणनीति पर चर्चा हुई है. क्योंकि अबतक इस मुलाकात के एजेंडे को लेकर कोई आधिकारिक जानकारी सामने नहीं आई है. ऐसे में इसके राजनीतिक निहितार्थों को लेकर तरह तरह की चर्चाएं शुरू हो गई हैं.

2027 के चुनाव में गठबंधन की संभावनाओं पर निगाहें
राजा भैया और BJP प्रदेश अध्यक्ष की इस मुलाक़ात को भले ही औपचारिक मुलाक़ात बताया जा रहा हो. लेकिन इस मुलाकात के बाद MLC चुनाव के साथी अब 2027 के उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव को लेकर भी अटकलें लगने लगी हैं. सवाल उठ रहा है कि क्या भविष्य में BJP और राजा भैया के नेतृत्व वाले जनसत्ता दल (लोकतांत्रिक) के बीच गठबंधन की कोई संभावना बन सकती है? क्योंकि रघुराज प्रताप सिंह उर्फ़ राजा भैया का प्रतापगढ़ के साथ आसपास के कई जिलों में भी राजनैतिक प्रभाव रहता है. जिसे देखते हुए BJP प्रदेश अध्यक्ष के साथ उनकी इस मुलाकात को काफ़ी अहम माना जा रहा है. हालांकि दोनों दलों के बीच गठबंधन को लेकर अभी किसी निर्णय या औपचारिक बातचीत की पुष्टि नहीं हुई है.

लोकसभा चुनाव के दौरान भी हुई थीं चर्चाएं
गौरतलब है कि लोकसभा चुनाव 2024 के दौरान भी केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह और राजा भैया के बीच मुलाकात को लेकर चर्चाएं सामने आई थीं. उस वक्त सीटों पर बात ना बनने के चलते गठबंधन ना हो पाने की चर्चाएं सामने आई थी. लेकिन अब MLC चुनाव से पहले पंकज चौधरी की राजा भैया से मुलाकात ने एक बार फिर उत्तर प्रदेश की राजनीति में संभावित राजनीतिक समीकरणों को लेकर बहस तेज कर दी है.

कुछ दिन बाद साफ हो सकती है तस्वीर 
फिलहाल इस मुलाकात को शिष्टाचार भेंट बताया जा रहा है, लेकिन करीब 40 मिनट तक चली बातचीत और चुनावी समय को देखते हुए इसके सियासी मायनों पर सबकी निगाहें टिकी हैं.अब देखना होगा कि यह मुलाकात केवल औपचारिकता तक सीमित रहती है या आने वाले दिनों में प्रदेश की राजनीति में किसी नए समीकरण की भूमिका तैयार करती है.

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Prashant RaiChief Sub Editor

Prashant Rai is a digital journalist with over 9 years of experience in Hindi journalism, specializing in politics, crime, hyper-local reporting, and viral news. He currently serves as Chief Sub Editor at News1…

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Lucknow,Uttar Pradesh

First Published :

October 20, 2026, 05:54 IST

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dainikupeditor@gmail.com

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