पश्चिम बंगाल की पूर्व मुख्यमंत्री और TMC सुप्रीमो ममता बनर्जी की मुश्किलें कम होती नजर आ रही है। टीएमसी में भारी अंदरूनी कलह मची हुई है। विधायक से लेकर सांसद तक उनके खिलाफ मोर्चा खोल दिया है। इस बीच कोलकाता स्थित उनके आवास पर CID की टीम पहुंच गई। जांच एजेंसी फर्जी हस्ताक्षर मामले में ममता बनर्जी के घर पर तलाशी लेने पहुंची थी। अब CID की कार्रवाई पर बंगाल सरकार में मंत्री अग्निमित्रा पॉल की प्रतिक्रिया आई है।
पश्चिम बंगाल की मंत्री अग्निमित्रा पॉल ने पूर्व मुख्यमंत्री ममता बनर्जी के घर पर CID की कार्रवाई पर कहा, “इससे पता चलता है कि कोई भी संविधान और देश के कानून से ऊपर नहीं है। पूर्व मुख्यमंत्री के तौर पर ममता बनर्जी ने पिछले 15 सालों में अपराधियों, भ्रष्टाचारियों को सह दी। बंगाल की जनता ने जाने क्या-क्या बर्दाश्त किया। उन्होंने कभी संविधान की परवाह नहीं की।”
ममता बनर्जी को तुरंत गिरफ्तार कर लेना चाहिए-अग्निमित्रा पॉल
ममता बनर्जी पर निशाना साधते हुए अग्निमित्रा पॉल ने कहा, “उन्होंने ऐसा व्यवहार किया जैसे पश्चिम बंगाल कोई अलग देश हो और वह उस देश की प्रधानमंत्री हों। इसलिए आज CID कार्रवाई कर रही है, इसमें शामिल सभी लोगों को सजा मिलेगी और जनता को न्याय मिलेगा। ममता की वजह से बंगाल की जनता के साथ धोखा हुआ। जिस तरह से उन्होंने देश के खिलाफ बात की, केंद्रीय बलों, प्रधानमंत्री और यहां तक कि माननीय राष्ट्रपति का अपमान किया, उसके लिए उन पर केस दर्ज होना चाहिए और उन्हें गिरफ्तार किया जाना चाहिए।”
ममता बनर्जी के आवास पर पहुंची CID
बता दें कि मंगलवार शाम को CID के अधिकारी भारी सुरक्षा के साथ कोलकाता में 30B हरीश चटर्जी स्ट्रीट पर स्थित ममता बनर्जी के आवास पहुंचे। खबरों के मुताबिक CID की टीम तृणमूल कांग्रेस (TMC) के सेंट्रल ऑफिस वे पार्टी के नेशनल जनरल सेक्रेटरी अभिषेक बनर्जी को एक औपचारिक नोटिस देने पहुंची थी। टीम विधानसभा में कथित फर्जी हस्ताक्षर मामले की जांच के सिलसिले में तीसरा नोटिस सौंपने पहुंची थी।
न्यूज एजेंसी ANI के मुताबिक, 9 जून 2026 को ममता बनर्जी आवास पर CID की टीम पहुंची फर्जी सिग्रेचर से जुड़े मामले की छानबीन के लिए पहुंची थी। CID ने इस कार्रवाई से पहले मामले में उन्हें नोटिस भेजा था। जानकारी के मुताबिक, इससे पहले क्राइम इन्वेस्टिगेशन डिपार्टमेंट यानी CID के अधिकारियों के साथ कालिघाट पुलिस थाने के पुलिसकर्मी TMC के केंद्रीय कार्यालय भी पहुंचे थे।










